या तो आप मेहनती हो सकते हैं या कामचोर — फैसला आपकी आदतें करती हैं
या तो आप मेहनती हो सकते हैं या कामचोर — फैसला आपकी आदतें करती हैं कभी आपने खुद से पूछा है कि मैं मेहनती हूँ या कामचोर? सच कहूँ तो इस सवाल का जवाब हमेशा आसान नहीं होता। कई बार हम खुद को मेहनती समझते हैं, लेकिन जरूरी काम को बार-बार टालते रहते हैं। वहीं कुछ लोग दिनभर व्यस्त रहते हैं, फिर भी जरूरी काम पूरा नहीं कर पाते। मेरे अनुभव में मैंने महसूस किया है कि मेहनत सिर्फ ज्यादा काम करने का नाम नहीं है। सही समय पर सही काम करने की आदत ही असली मेहनत है। मेरा अनुभव मेरी जिंदगी में भी ऐसे कई दिन आए हैं जब मैंने किसी काम को यह सोचकर टाल दिया कि "अभी बहुत समय है, बाद में कर लेंगे।" कभी थकान होती थी, कभी मन नहीं करता था और कभी लगता था कि कल ज्यादा अच्छे से कर लेंगे। लेकिन जब कल आता था तो कोई नया बहाना सामने आ जाता था। धीरे-धीरे मुझे समझ आया कि कामचोरी हमेशा आराम करने का नाम नहीं है। जरूरी काम को बार-बार टालना भी कामचोरी की एक आदत हो सकती है। जब मैंने छोटे-छोटे काम समय पर पूरे करने शुरू किए तो एक बड़ा बदलाव महसूस हुआ। काम पूरा होने के साथ-साथ आत्मविश्वास भी बढ़ने लगा। यही मेरी सबसे बड़ी स...